MP Cabinet Decisions: कपास पर मंडी शुल्क घटा, अन्य उपजों पर बढ़ा; कैबिनेट ने लिए कई अहम फैसले
भोपाल, 10 जून 2026। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को मंत्रालय में आयोजित मध्यप्रदेश कैबिनेट बैठक में किसानों, कृषि क्षेत्र और विकास योजनाओं से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। बैठक के बाद एमएसएमई मंत्री चैतन्य कश्याप ने मंत्रिपरिषद के निर्णयों की जानकारी दी।
कैबिनेट ने कपास उत्पादकों और जिनिंग उद्योग को राहत देते हुए कपास पर मंडी शुल्क 1 प्रतिशत से घटाकर 0.5 प्रतिशत (50 पैसे प्रति सैकड़ा) करने का निर्णय लिया है। मंत्री कश्याप ने बताया कि बुरहानपुर, खंडवा और निमाड़ क्षेत्र की जिनिंग फैक्ट्रियों को महाराष्ट्र की तुलना में अधिक लागत का सामना करना पड़ रहा था। शुल्क में कमी से प्रदेश में उत्पादित कपास का प्रसंस्करण स्थानीय जिनिंग इकाइयों में ही होगा, जिससे उद्योग और किसानों दोनों को लाभ मिलेगा।
वहीं, कपास को छोड़कर अन्य सभी सामान्य कृषि उपजों पर मंडी शुल्क 1 प्रतिशत से बढ़ाकर 1.5 प्रतिशत कर दिया गया है। सरकार का अनुमान है कि इस फैसले से करीब 800 करोड़ रुपये का अतिरिक्त राजस्व प्राप्त होगा। प्राप्त राशि का उपयोग कृषि अधोसंरचना, ग्रामीण सड़कों, गौसंवर्धन, कृषक कल्याण, कृषि अनुसंधान और प्रचार-प्रसार संबंधी गतिविधियों पर किया जाएगा।
कैबिनेट ने विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की विभिन्न योजनाओं की निरंतरता बनाए रखने के लिए 235 करोड़ रुपये की मंजूरी भी दी है। इससे विभाग की चल रही परियोजनाओं और नवाचार कार्यक्रमों को गति मिलेगी।
बैठक में आगामी खरीफ सीजन के लिए उर्वरकों की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था पर भी चर्चा हुई। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश में पर्याप्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध है और किसानों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। इसके लिए नोडल अधिकारियों की नियुक्ति की जाएगी, जो मंत्रियों, विधायकों और प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर खाद वितरण व्यवस्था की निगरानी करेंगे।
मुख्यमंत्री ने सभी जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों को किसानों के हितों को प्राथमिकता देने तथा कृषि संबंधी समस्याओं के त्वरित समाधान के निर्देश दिए।